मोहिता जगदेव
उग्र प्रभा समाचार,छिंदवाड़ा
प्रो. प्रतिभा श्रीवास्तव का सेवाकाल समाजशास्त्रीय संस्कारों से अनुप्रेरित रहा है": प्रो. अमर सिंह
"प्रो. श्रीवास्तव निष्ठा, समर्पण व विनम्रता की पर्याय हैं ": प्रो. वाय. के. शर्मा
प्रो. श्रीवास्तव के पास सरलता,सौम्यता, सौजन्यता, सुशीलता और सहजता की अनुभूतिपरक आभा है ": प्रो. लक्ष्मीचंद
प्रो. श्रीवास्तव ने एक आदर्श प्राध्यापक के पेशे को आचरण में उतारकर अपने छात्रों को पढ़ाया ": प्रो. राजेंद्र कुमार मिश्रा
उग्र प्रभा समाचार,छिंदवाड़ा: प्रधानमंत्री कॉलेज ऑफ एक्सीलेंस छिंदवाड़ा की समाजशास्त्र की विभागाध्यक्ष प्रो. श्रीमती प्रतिभा श्रीवास्तव की 42 वर्षों की अनवरत बेदाग सेवा उपरांत आयोजित सम्मान समारोह में प्राचार्य प्रो. वाय. के. शर्मा मुताबिक प्रो. श्रीवास्तव ने अपने विषय समाजशास्त्र की सीख से अभिप्रेरित होकर उच्च शिक्षा विभाग को पूर्ण निष्ठा, समर्पण व विनम्र भाव से अविस्मरणीय सेवाएं दी हैं। प्रो. लक्ष्मीचंद के अनुसार प्रो. श्रीवास्तव ने अपनी चारित्रिक खूबियों यथा सरलता, सौम्यता, सौजन्यता, सुशीलता और सहजता के नैतिक मूल्यों से अपने छात्रों में अमित छाप छोड़ी है। प्रो. राजेंद्र कुमार मिश्रा के शब्दों में प्रो. श्रीवास्तव सिर्फ एक प्रवचनीय प्राध्यापिका नहीं रहीं, अपितु जो कहा, उसे आचरण में उतारकर एक उद्धरणीय प्राध्यापिका की मिसाल पेश की है। प्रो. पी. एन. सनेसर ने प्रो. श्रीवास्तव को अपनी शालीनता से गंभीर मुद्दों को चुटकी में निपटाने वाली शख्सियत करार दिया। प्रो. अमर सिंह ने अनौपचारिक रूप से प्रो. श्रीवास्तव को समान वाह्य व आंतरिक आचरण को जीने वाली शख्सियत बताया। प्रो. अर्चना मैथ्यू ने प्रो. श्रीवास्तव जी को महिलोचित उदारता, प्रो. साधना जैन ने समान अनुभूतिपरक, प्रो. कविता शर्मा ने धैर्य सहानुभूति की जीवंत परिभाषा, प्रो. विनीता रामा ने शांत मन से समस्याओं का समाधान करने वाली और प्रो. मीनाक्षी कोरी ने निष्कलंक, निर्विवाद और निश्चल शख्सियत बताया।
